अध्याय 9 — नवम अध्याय
मनुस्मृति
336 श्लोक • केवल अनुवाद
(१) स्वामी (राजा), (२) मन्त्री, (३) पुर (किला, परकोटा, खाई आदि से सुरक्षित राजधानी), (४) राज्य, (५) कोष, (६) दण्ड (चतुरङ्गिणी अर्थात् हयदल, गजदल, रथदल और पैदल सेना) तथा (७) मित्र, ये सात राजप्रकृतियाँ हैं, इनसे युक्त "सप्तांग” (सात अङ्गोंवाला) राज्य कहलाता है।
सब बीजों को बोने की विधि (कौन बीज किस समय कैसे खेत में, कितने प्रमाण में किस प्रकार बोया जाता है, इत्यादि विधि), खेतों के गुण तथा दोष, तौल (मन, आधमन, पसेरी, सेर, छटाक आदि तथा तोला, मासा, रत्ती आदि) तथा तौलने के उपाय; इन सबको अच्छी तरह मालूम करे।