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मनुस्मृति • अध्याय 9 • श्लोक 173
या गर्भिणी संस्क्रियते ज्ञाताऽज्ञातापि वा सती । वोढुः स गर्भो भवति सहोढ इति चोच्यते ।।
ज्ञातावस्था (जानकारी) में या आज्ञातावस्था (अजानकारी) में जिस गर्भिणी कन्या का विवाह किया जाता है, उस गर्भ से उत्पन्न पुत्र विवाहकर्त्ता पति का होता है तथा उस पुत्र को "सहोढ" पुत्र कहते हें।
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