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विदुर नीति • अध्याय 2 • श्लोक 81
यस्मै देवाः प्रयच्छन्ति पुरुषाय पराभवम् । बुद्धिं तस्यापकर्षन्ति सोऽपाचीनानि पश्यति ॥
देवता लोग जिसे पराजय देते हैं, उसकी बुद्धि को पहले ही हर लेते हैं, इससे वह नीच कर्म पर ही अधिक दृष्टि रखता है।
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