एकज्या (एक राशि की ज्या) की क्रान्ति से सम्बन्धित योजन को भूपरिधि के चतुर्थाशं बन से घटाकर शेष योजन तुल्य निरक्षदेश से दूरी पर स्थित देवभाग (उत्तर गोल) के प्रदेशों में
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