पृथ्वी की परिधि के चतुर्थाश भाग के अन्तर पर ये चारों नगर स्थित है। इन चारों नगरों से उतनी ही दूरी (भूवृत्तपाद) पर उत्तर दिशा में सुमेरु पर्वत है जहाँ देवताओं का निवास है।
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