भुव: स्थिति:
मध्ये समन्तादण्डस्य भूगोलो व्योम्नि तिष्ठति ।
विभ्राण: परमां शक्ति ब्रह्मणो धारणात्मिकाम् ॥
ब्रह्माण्ड के चारों ओर से मध्य भाग में यह भूगोल ब्रह्मा की धारणात्मिका परमशक्ति (आकर्षण शक्ति) से आकाश में अवस्थित है।
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