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सूर्य सिद्धांत • अध्याय 12 • श्लोक 3
अहोरात्रव्यवस्था प्रश्न: अहोरात्रव्यवस्थां च विदधाति कथं रवि: । कथे॑ पर्येति वसुधां भुवनानि विभावयन्‌ ॥
सूर्य अहोरात्र (दिनररात्रि) की व्यवस्था कैसे करते है तथा भुवनों (भूर्भुवादि १४ भुवनों) को प्रकाशित करते हुये पृथ्वी की परिक्रमा किस प्रकार करते हैं?
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