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सूर्य सिद्धांत • अध्याय 1 • श्लोक 63
रेखादेशसापेक्ष पूर्वापरान्तरज्ञानम्‌ अतीत्योन्मीलनादिन्दोर्टूकूसिद्धिगणितागतात्‌ू । यदा भवेत्‌ तदा प्राच्यां स्वस्थानं मध्यतो भवेत्‌ ॥
पूर्णग्रस्त (खग्रास चन्द्र ग्रहण के समय) चन्द्रमा जब भूमि की छाया से बाहर निकलने लगता है तो उसे उन्मीलन काल कहा जाता है। यदि गणितागत उन्मीलन काल के बाद वेधसिद्ध (दृश्य) उन्मीलन काल हो तो स्वस्थान मध्य रेखा देश से पूर्व में स्थित समझना चाहिये।
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