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सूर्य सिद्धांत • अध्याय 1 • श्लोक 21
ब्रह्मण: आयुष: प्रमाणम्‌ परमायु: शतं तस्य तयाज्होरात्रसड्ख्यया । आयुषो<र्धमितं तस्य शेषकल्पोड्यमादिम: ॥
पूर्वोक्त ब्रह्मा के अहोरात्र (२ कल्प) प्रमाण से सौ वर्ष (३६० x २ कल्प x १००) ब्रह्मा की परमायु होती है। ब्रह्मा की आयु का आधा भाग (५० वर्ष) बीत चुकां है। शेष आयु (५१ वें वर्ष) का यह प्रथम कल्प (दिन) है।
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