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शिवभारतम् • अध्याय 6 • श्लोक 86
प्रवाळनीळसम्मिश्रसुवर्णमणिनिर्मिते। वलये ललिताकारे कलयन्तं करद्वये ।।
प्रवाल एवं नील रंग से सम्मिश्रित सुवर्णमणि से निर्मित सुंदर कंकण हाथों में धारण किए हुए थे,
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