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शिवभारतम् • अध्याय 32 • श्लोक 1
कवीन्द्र उवाच - अथ शाहसुतः प्रभावलीविषयं सर्वमपि स्वतेजसा। अकरोन्निजपाणिवर्तिनं नयवर्त्म प्रतनं प्रवर्तयन्।।
कवीन्द्र बोला – तत्पश्चात् शिवाजी ने पुरातन राजनीति मार्ग को प्रारम्भ करके संपूर्ण प्रभावली प्रांत को अपने पराक्रम से अधीन कर लिया।
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