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शिवभारतम् • अध्याय 24 • श्लोक 14
अथ संप्रेषितचरा घरास्ते येदिलांतिके । तमुदन्तं प्रणालाद्वेद्भुतमेत्य न्यवेदयन् ॥
तत्पश्चात पहले भेजे गए गुप्तचरो ने आदिलशाह के समीप शीघ्र आकर उस पनहा किले से संबंधित समाचार सुनाया।
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