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शिवभारतम् • अध्याय 15 • श्लोक 1
कवीन्द्र उवाच - परैः पुरन्दरतटे मुसेखानं निपातितम्। प्रभूतं सैन्यमन्यच्च पराक्रम्य पराहतम्।। फतेखानं च विमुखीकृतमन्तिकमागतम्। निशम्य महमूदेन मुमुदे न दिवानिशम्।।
कवीन्द्र बोले - शत्रुओं ने मुसेखान को पुरंदर के किले पर पराजित किया एवं उसकी विशाल सेना को पराक्रम से पीछे हटा दिया और फतेखान पराजित होकर पुनः वापस आ गया है, इस प्रकार सुनकर महमूद शाह रात-दिन अप्रसन्न रहने लगा।
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