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शिवभारतम् • अध्याय 13 • श्लोक 17
अतो वैरिषु विश्वासं न कुर्वीत विचक्षणः । येन सम्यगधीतोऽस्ति राजधर्मः सलक्षणः ॥
इसलिए जिसने लक्षणों सहित राजनीति का अच्छी तरह अध्ययन किया है, ऐसे चतुर पुरुषों को शत्रु पर विश्वास नहीं करना चाहिए।
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