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शिवभारतम् • अध्याय 11 • श्लोक 33
न प्रदीपनवेलायां प्रदीपाः प्रदिदीपिरे। न प्रसेदुर्मनुष्याणां वदनानि मनांसि च।।
दीपक प्रज्वलित करने के समय में प्रज्वलित नहीं हुए तथा मनुष्यों के मुख एवं मन मलिन हो गये।
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