इडापिङ्गलयोर्मध्ये सुषुम्णा या भवेत् खलु ।
षट्स्सानेषु च षट्शक्तिं षट्पद्यं योगिनो विदुः ।।
सुषुम्ना नाड़ी की अवस्थिति इड़ा और पिंगला नाड़ियों के मध्य रहती है। इस सुषुम्ना के छह स्थानों में क्रमशः छह शक्तियाँ भी विद्यमान रहती हैं जिन्हें डाकिनी, हाकिनी, काकिनी, लाकिनी, राकिनी और शाकिनी के नाम से जाना जाता है।
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