हे तीक्ष्ण बुद्धि वाले! क्या मन्त्रों के रचयिता ऋषियों में श्रेष्ठ आपके गुरु कुशलपूर्वक हैं? जिनसे आपने समस्त ज्ञान उसी प्रकार प्राप्त किया है जैसे जगत सूर्य से चेतना प्राप्त करता है।
पूरा ग्रंथ पढ़ें
रघुवंशम् के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।
सभी अध्याय उपलब्ध
रघुवंशम् के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।