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रघुवंशम् • अध्याय 18 • श्लोक 27
कौसल्य इत्त्युत्तरकोसलानां पत्युः पतङ्गान्वयभूषणस्य । तस्यौरसः सोमसुतः सुतोऽभून्नेत्रोत्सवः सोम इव द्वितीयः ॥
कौसल्य नामक राजा का पुत्र सोम उत्पन्न हुआ, जो चन्द्रमा के समान सुन्दर था।
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