प्राणादपि को रम्यः? - कुलधर्मः साधुसंगश्च । का संरक्ष्या? - कीर्तिः पतिव्रता नैज बुद्धिश्च ।
प्राण से भी प्यारा क्या है?
परंपरागत धर्म का पालन एवं सज्जनों की संगति।
किसका संरक्षण करना चाहिए?
कीर्ति, पतिव्रता स्त्री और अपनी विवेकपूर्ण बुद्धि का।
पूरा ग्रंथ पढ़ें
प्रश्नोत्तर रत्नमालिका के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।
सभी अध्याय उपलब्ध
प्रश्नोत्तर रत्नमालिका के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।