उसी प्रकार यदुनाथ श्रीकृष्णचन्द्र यद्यपि साकार हैं और एकदेशी-से दिखायी देते हैं तथापि वे सर्वव्यापी, सर्वात्मा और सच्चिदानन्दखरूप ही हैं।
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