मुख्य पृष्ठ शास्त्र परिचय ऐप इंस्टॉल करें
प्रबोधसुधाकर • अध्याय 16 • श्लोक 7
स्वाश्रमधर्माचरणं कृष्णप्रतिमार्चनोत्सवो नित्यम् । विविधोपचारकरणैर्हरिदासैः संगमः शश्वत् ॥
अपने वर्णाश्रम-धर्मो का आचरण करना, नित्य भगवान् श्रीकृष्णचन्द्र की प्रतिमा का उत्साहपूर्वक विविध सामग्रियों से पूजनोत्सव करना, निरन्तर हरि-भक्तों का संग करना,
पूरा ग्रंथ पढ़ें
प्रबोधसुधाकर के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।

सभी अध्याय उपलब्ध

प्रबोधसुधाकर के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।

सरल अर्थ

प्रत्येक श्लोक के साथ स्पष्ट हिंदी अनुवाद।

ऑफलाइन पढ़ें

इंटरनेट के बिना भी ग्रंथ पढ़ें।
Krishjan
धर्म का अन्वेषण
ऐप इंस्टॉल करें