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मनुस्मृति • अध्याय 8 • श्लोक 378
सहस्रं ब्राह्मणो दण्ड्यो गुप्तां दिप्रां बलाद्व्रजन्‌ । शतानि पञ्च दण्ड्यः स्यादिच्छन्त्या सह सङ्गतः ।।
(पति या अभिभावक के द्वारा) सुरक्षित ब्राह्मणी के साथ बलात्कारपूर्वक सम्भोग करने वाला ब्राह्मण १००० पण से तथा सम्भोग की इच्छा करने वाली ब्राह्मणी के साथ सम्भोग करने वाला ब्राह्मण ५०० पण (८।१३६) से दण्डनीय होता है।
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