जब तक भोजन भाप बन रहा है, जब तक वे वाणी को संयमित करके खाते हैं, तब तक पितर भोजन करते हैं, जब तक भोजन के गुणों का वर्णन नहीं किया जाता।
पूरा ग्रंथ पढ़ें
मनुस्मृति के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।
सभी अध्याय उपलब्ध
मनुस्मृति के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।