(भृगुजी महर्षियों से कहते हैं कि मैंने) आप लोगों से इन (१२।५५-८१) कर्मा के फलों को सम्पूर्ण उत्पत्ति को कहा, अब मोक्ष के लिए ब्राह्मण के कर्म को आप लोग सुनें।
पूरा ग्रंथ पढ़ें
मनुस्मृति के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।
सभी अध्याय उपलब्ध
मनुस्मृति के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।