सर्वेषां तु स नामानि कर्माणि च पृथक् पृथक् ।
वेदशब्देभ्य एवादौ पृथक् संस्थाश्च निर्ममे ॥
सृष्टि के आदि में उन्होंने समस्त प्राणियों के नाम, उनके पृथक्-पृथक् कर्म, तथा उनकी अलग-अलग अवस्थाएँ और व्यवस्थाएँ भी निर्मित कीं। यह सब उन्होंने वेदों के शब्दों(वेदशब्द) के अनुसार ही व्यवस्थित किया।
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