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कुमारसंभवम् • अध्याय 16 • श्लोक 7
खङ्गा रुधिरसंलिप्ताश्चण्डांशुकरभासुराः । इतस्ततोऽपि वीराणां विद्युतां वैभवं दधुः ॥
रक्त से सने हुए तलवारें तीव्र किरणों के समान चमकती हुई इधर-उधर बिजली के समान प्रकाश देने लगीं।
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