सिर पर श्रीगुरुपङ्क्ति की और मूलाधार में श्री पादुका की पूजा करे। दिव्य सिद्ध एवं मानवौध गुरु पंक्तियाँ - दिव्यौघ पङ्क्ति में - १. आदिनाथ और २. उनकी शक्ति, ३ सदाशिव और
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