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कुलार्णव • अध्याय 15 • श्लोक 21
सूर्यस्याग्नेर्गुरोरिन्दोर्दीपस्य च जलस्य च । गोविप्रकुलवृक्षाणां सन्निधौ शस्यते जपः ॥
सूर्य, अग्नि, गुरु, चन्द्रमा, दीपक, जल, गाय, विप्र और कुल वृक्षों के समीप जप करना श्रेयस्कर है।
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