तत्त्वज्ञैरुपदिष्टा ये तत्त्वाज्ञस्ते न संशयः ।
पशुभिश्चोपदिष्टा ये देवि ते पशवः स्मृताः ॥
तत्त्वज्ञ से उपदेश पाने वाले तत्त्वज्ञ होते हैं, इसमें सन्देह नहीं। हे देवि! पशुओं से उपदेश पाने वाले पशु कहे जाते हैं।
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