शक्तिच्छायां सुरच्छायां गुरुच्छायां न लङ्घयेत् ।
न तेषु कुर्यात् स्वच्छायां न स्वपेद् गुरुसन्निधौ ॥
शक्ति, देवता और गुरु की छाया को लांघे नहीं। उन पर अपनी छाया न डाले और गुरु के सन्निकट सोए नहीं।
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