सो धनु कहिय बिलोकन भूप किसोरहि।
भेद कि सिरिस सुमन कन कुलिस कठोरहि॥
ऐसे धनुष को आप इन राजकुमार को देखने के लिये कहते हैं। भला, कहीं सिरस का अत्यन्त कोमल फूल कठोर वज्र के कण को भी भेद सकता है।
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