करटक ने कहा - अब वहाँ जाकर क्या कहोगे? उन्होंने कहा - मेरी बात सुनो! सबसे पहले मैं यह पता लगाऊंगा कि मालिक मुझसे जुड़ा हुआ है या नहीं। करटक ने पूछा - वह कौन सा लक्षण है जिससे यह ज्ञात हो सके? दमनक ने उत्तर दिया - सुनो ! (किसी को) दूर से देखना, मुस्कुराना, किसी के कल्याण के बारे में पूछने का बहुत सम्मान करना, किसी की अनुपस्थिति में भी गुणों की प्रशंसा करना, किसी प्रिय वस्तु का स्मरण करना।
पूरा ग्रंथ पढ़ें
हितोपदेश के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।
सभी अध्याय उपलब्ध
हितोपदेश के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।