इत्यादयो महासिद्धा हठ-योग-परभावतः |
खण्डयित्वा काल-दण्डं बरह्माण्डे विछरन्ति ते ||
ये महासिद्ध (महान स्वामी), मृत्यु के राजदंड को तोड़कर, ब्रह्मांड में घूम रहे हैं।
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