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दुर्गासप्तशती • अध्याय 6 • श्लोक 60
स तत्र गत्वा यत्रास्ते शैलोद्देशेऽतिशोभने । तां च देवीं ततः प्राह श्लक्ष्णं मधुरया गिरा ॥
वह दूत वहाँ उस अति सुन्दर पर्वत प्रदेश में गया जहाँ देवी निवास कर रही थीं और उसने मधुर तथा विनम्र वाणी में देवी से कहा।
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