विलोक्य ताभ्यां गदितो भगवान् कमलेक्षणः । आवां जहि न यत्रोर्वी सलिलेन परिप्लुता ॥
तब कमलनयन भगवान विष्णु ने उनसे कहा—जहाँ पृथ्वी जल से ढकी न हो, वहीं तुम दोनों का वध किया जा सकता है।
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