मुख्य पृष्ठ शास्त्र परिचय ऐप इंस्टॉल करें
चाणक्य नीति • अध्याय 8 • श्लोक 5
चाण्डालानां सहस्त्रैश्च सूरिभिस्तत्त्वदर्शिभिः । एको हि यवनः प्रोक्तो न नीचो यवनात्परः ।।
विद्वान् लोग जो तत्त्व को जानने वाले है उन्होंने कहा है की मास खाने वाले चांडालो से हजार गुना नीच है। इसलिए ऐसे आदमी से नीच कोई नहीं।
पूरा ग्रंथ पढ़ें
चाणक्य नीति के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।

सभी अध्याय उपलब्ध

चाणक्य नीति के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।

सरल अर्थ

प्रत्येक श्लोक के साथ स्पष्ट हिंदी अनुवाद।

ऑफलाइन पढ़ें

इंटरनेट के बिना भी ग्रंथ पढ़ें।
Krishjan
धर्म का अन्वेषण
ऐप इंस्टॉल करें