पादाभ्यां न स्पृशेदग्नि गुरुं ब्राह्मणमेव च ।
नैव गां च कुमारीन न वृध्दं न शिशुं तथा ।।
अपना पैर कभी भी इनसे न छूने दे -
१. अग्नि
२. अध्यात्मिक गुरु
३. ब्राह्मण
४. गाय
५. एक कुमारिका
६. एक उम्र में बड़ा आदमी
५. एक बच्चा
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