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चाणक्य नीति • अध्याय 7 • श्लोक 1
अर्थनाशं मनस्तापं गृहिणीचरितानि च । नीचवाक्यं चाऽपमानं मतिमान्न प्रकाशयेत् ।।
एक बुद्धिमान व्यक्ति को निम्नलिखित बातें किसी को नहीं बतानी चाहिए - १. की उसकी दौलत खो चुकी है २. उसे क्रोध आ गया है ३. उसकी पत्नी ने जो गलत व्यवहार किया ४. लोगो ने उसे जो गालिया दी ५. वह किस प्रकार बेइज्जत हुआ है
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