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बृहत्संहिता • अध्याय 8 • श्लोक 23
विष्णुः सुरेज्यो बलभिद् धुताशः त्वष्टौत्तरप्रोष्ठपदाधिपश्च । क्रमाद् युगेशाः पितृविश्वसोम शक्रानलाख्याश्विभागाः प्रदिष्टाः ॥
बृहस्पति के चक्र में 12 युगों या पाँच वर्ष की अवधि के स्वामी क्रमशः हैं (1) विष्णु (2) बृहस्पति (3) इंद्र (4) अग्नि (5) त्वष्टा (निर्माताओं में से एक) (6) अहिर्बुध्न्य (7) पितर (8) विश्वेदेव (9) चंद्रमा (10) इंद्राग्नि (11) दो अश्विन और (12) भग।
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