एकानंशा कार्या देवी बलदेवकृष्णयोर्मध्ये । कटिसंस्थितवामकरा सरोजमितरेण चोद्वहती ॥
बलदेव और कृष्ण की प्रतिमा के मध्य में 'एकानंशा' नाम की देवी की प्रतिमा बनानी चाहिये। उसका बाँया हाथ उसके कमर पर रखना चाहिये और दाहिने हाथ में कमल धारण कराना चाहिये।
पूरा ग्रंथ पढ़ें
बृहत्संहिता के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।
सभी अध्याय उपलब्ध
बृहत्संहिता के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।