अभ्यञ्जन (स्निग्ध पदार्थ), वाग्जल, तिल, मांस और भात से पितरों को; साम तया यजुर्वेदों के मन्त्र, सुमन्य द्रव्य, धूप और मालासों से मुनियों कौ; अश्लेषक (अमिश्रित) वर्ण और जिमधुर (मधु, पूत और शर्करा) से सों की;
पूरा ग्रंथ पढ़ें
बृहत्संहिता के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।
सभी अध्याय उपलब्ध
बृहत्संहिता के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।