मुख्य पृष्ठ शास्त्र परिचय ऐप इंस्टॉल करें
बृहत्संहिता • अध्याय 46 • श्लोक 40
अन्यत्ती सप्ताहं प्रबन्धवर्षे प्रधाननृपमरणम् । रक्ते शस्त्रोद्योगो मांसास्थिवसादिभिर्मरकः ॥
वर्षों से भित्र ऋतु में लगातार एक भप्ताह तक वृष्टि होने पर प्रधान राजा का रक्त की वृष्टि होने पर युद्ध और मांस, हट्टी, बस आदि (घृत और तेल) की वृष्टि होने पर मरण, मरो ( मरकी) पड़‌ती है।
पूरा ग्रंथ पढ़ें
बृहत्संहिता के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।

सभी अध्याय उपलब्ध

बृहत्संहिता के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।

सरल अर्थ

प्रत्येक श्लोक के साथ स्पष्ट हिंदी अनुवाद।

ऑफलाइन पढ़ें

इंटरनेट के बिना भी ग्रंथ पढ़ें।
Krishjan
धर्म का अन्वेषण
ऐप इंस्टॉल करें