मुनि, धर्म, पिता और ब्रह्मा में उत्पन्न विकृति ब्राह्मणों को; महादेव और लोकपालों ( इन्द्र आदि) में उत्पन्न विकृति पशुओं को; बृहस्पति, शुक्र और शनै घर में उत्पत्र विकृति पुरोहितों को;
पूरा ग्रंथ पढ़ें
बृहत्संहिता के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।
सभी अध्याय उपलब्ध
बृहत्संहिता के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।