पवनः पवनाभिहतो गगनादवनौ यदा समापतति । भवति तदा निर्घातः स च पापो दीप्तविहगरुतः ॥
जब पवन से टकरा कर पवन आकाश से पृथ्वी पर गिरता है, उस समय उसके गिरने से जो शब्द होता है, उसका नाम 'निर्घात' है। यदि वह सूर्याभिमुख स्थित पक्षियों के शब्द से युत हो तो दुष्ट फल देने वाला होता है।
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