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बृहत्संहिता • अध्याय 34 • श्लोक 16
युद्धानि विजानीयात् परिवेषाभ्यन्तरे द्वयोर्ग्रहयोः । दिवसकृतः शशिनो वा क्षुदवृष्टिभयं त्रिषु प्रोक्तम् ॥
यदि सूर्य या चन्द्र के परिवेष में दो ताराग्रह स्थित हों तो युद्ध, तीन हों तो दुर्भिक्ष और अवृष्टि का भय
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