मुख्य पृष्ठ शास्त्र परिचय ऐप इंस्टॉल करें
बृहत्संहिता • अध्याय 17 • श्लोक 26
सौम्येन पराभूते मन्देऽङ्गवणिग्विहङ्गपशुनागाः । सन्ताप्यन्ते गुरुणा स्त्रीबहुला महिषकशकाश्च ॥
यदि बुध से पराजित हो तो अङ्ग देश में निवास करने वाले, क्रय-विक्रय से आजीविका चलाने वाले, पक्षी, पशु और हाथी पीड़ित होते हैं। यदि गुरु से पराजित शनि हो तो अधिक स्त्री वाला देश, महिषक देश में रहने वाले और शक देश में रहने वाले पीड़ित होते हैं।
पूरा ग्रंथ पढ़ें
बृहत्संहिता के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।

सभी अध्याय उपलब्ध

बृहत्संहिता के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।

सरल अर्थ

प्रत्येक श्लोक के साथ स्पष्ट हिंदी अनुवाद।

ऑफलाइन पढ़ें

इंटरनेट के बिना भी ग्रंथ पढ़ें।
Krishjan
धर्म का अन्वेषण
ऐप इंस्टॉल करें