मुख्य पृष्ठ शास्त्र परिचय ऐप इंस्टॉल करें
बृहत्संहिता • अध्याय 17 • श्लोक 13
गुरुणा जितेऽवनिसुते बाह्रीका यायिनोऽग्निवार्ताश्च । शशिजेन शूरसेनाः कलिङ्गशाल्वाश्च पीड्यन्ते ॥
यदि मङ्गल बृहस्पति से पराजित हो तो वाहील देश में निवास करने वाले, विजय को इच्छा करने वाले, अग्नि से जीवनयात्रा चलाने कले- ये सब पीड़ित होते हैं। यदि बुध से पराजित हो तो सूरसेन, कलिङ्ग और शाल्व देश में रहने वाले मनुष्य पीड़ित होते हैं।
पूरा ग्रंथ पढ़ें
बृहत्संहिता के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।

सभी अध्याय उपलब्ध

बृहत्संहिता के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।

सरल अर्थ

प्रत्येक श्लोक के साथ स्पष्ट हिंदी अनुवाद।

ऑफलाइन पढ़ें

इंटरनेट के बिना भी ग्रंथ पढ़ें।
Krishjan
धर्म का अन्वेषण
ऐप इंस्टॉल करें