मुख्य पृष्ठ शास्त्र परिचय ऐप इंस्टॉल करें
भगवद गीता • अध्याय 1 • श्लोक 12
तस्य संजनयन्हर्षं कुरुवृद्धः पितामहः। सिंहनादं विनद्योच्चैः शङ्खं दध्मौ प्रतापवान्।।
तत्पश्चात कुरू वंश के वयोवृद्ध परम यशस्वी महायोद्धा एवं वृद्ध 'भीष्म पितामह' ने सिंह गर्जना जैसी ध्वनि करने वाले अपने शंख को उच्च स्वर से बजाया, जिसे सुनकर दुर्योधन हर्षित हुआ।
पूरा ग्रंथ पढ़ें
भगवद गीता के सभी अध्याय और श्लोकों को उनके अर्थ और व्याख्या सहित पढ़ने के लिए Krishjan ऐप इंस्टॉल करें। ऐप में आपको संरचित अध्याय, आसान नेविगेशन और ऑफलाइन पढ़ने की सुविधा मिलती है।

सभी अध्याय उपलब्ध

भगवद गीता के 18 अध्याय और सभी श्लोक एक ही स्थान पर।

सरल अर्थ

प्रत्येक श्लोक के साथ स्पष्ट हिंदी अनुवाद।

ऑफलाइन पढ़ें

इंटरनेट के बिना भी ग्रंथ पढ़ें।
Krishjan
धर्म का अन्वेषण
ऐप इंस्टॉल करें